हाल ही में एशियन गेम्स संपन्न हुए। जिसमें जीता हुआ हर मेडल अनमोल है क्योंकि अभावों में खिले इन सितारों की सालों की मेहनत रंग लाई है ।वह सिर्फ उनका नहीं बल्कि पूरे देश का गौरव है।
इन्हीं एशियन गेम्स में पश्चिम बंगाल से आने वाली स्वप्ना बर्मन ने भी गोल्ड मेडल जीता है। जिस खेल में स्वप्ना ने गोल्ड मेडल जीता है उसका नाम है हेप्टाथलन ।
एथलेटिक्स में सबसे कठिन माना जाने वाला यह गेम सात खेलों का एक समूह है। जिसमें सभी साथ खेलों के अंक जोड़कर फाइनल प्वाइंट्स बनाए जाते हैं। 1980 से महिलाएं इसे खेल रही हैं। इस खेल को 2 दिन में पूरा किया जाता है जिसमें चार खेल पहले दिन तथा 3 गेम दूसरे दिन खेले जाते ।
इन खेलों का नाम है 100 मीटर हर्डल ,हाई जंप, शॉट पुट ,200 मीटर रेस , लॉन्ग जंप ,जेवलिन थ्रो ,800 मीटर रेस।जितना कठिन यह गेम है उससे भी ज्यादा कठिन है स्वप्ना का सफर ।अभावों में भी हार ना मानने वाली इस खिलाड़ी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि जज्बा संसाधनों का मोहताज नहीं होता।
इन्हीं एशियन गेम्स में पश्चिम बंगाल से आने वाली स्वप्ना बर्मन ने भी गोल्ड मेडल जीता है। जिस खेल में स्वप्ना ने गोल्ड मेडल जीता है उसका नाम है हेप्टाथलन ।
एथलेटिक्स में सबसे कठिन माना जाने वाला यह गेम सात खेलों का एक समूह है। जिसमें सभी साथ खेलों के अंक जोड़कर फाइनल प्वाइंट्स बनाए जाते हैं। 1980 से महिलाएं इसे खेल रही हैं। इस खेल को 2 दिन में पूरा किया जाता है जिसमें चार खेल पहले दिन तथा 3 गेम दूसरे दिन खेले जाते ।
इन खेलों का नाम है 100 मीटर हर्डल ,हाई जंप, शॉट पुट ,200 मीटर रेस , लॉन्ग जंप ,जेवलिन थ्रो ,800 मीटर रेस।जितना कठिन यह गेम है उससे भी ज्यादा कठिन है स्वप्ना का सफर ।अभावों में भी हार ना मानने वाली इस खिलाड़ी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि जज्बा संसाधनों का मोहताज नहीं होता।

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